गीत : जर्रा-जर्रा, त्याग दिया मन की हर भाषा, आशा से तौबा कर डाला, मन से मन...
साहित्य लहर
कविता: आंसुओं की धारा तू रूक क्यूँ गयी, मरूस्थल मे रोना, फसल मे हसंना, यहां तो…! ना...
कविता : नव दीप जले, बहे पावन सरिता का जल, हिमशिखरों पर लालिमा छायी। बनकर ओस की बूँदें...
लघुकथा : केक का टुकड़ा | कमरे के अंदर बैठी मां जी सोच रही थीं कि बेटा...
महॅंगे-महॅंगे उपहारों का सच, आसपास के सीसीटीवी फुटेज देखे गए। एक वीडियो में वे लड़के साफ दिख...
कविता : एहसास की अभिलाषा… तुम पुष्प से सुकुमार हो, तलवार की भी धार हो। तुम ही...
उन्मुक्त गगन उन्मुक्त शिक्षा, प्रत्येक शनिवार को अब से हम, बिन बस्ते के स्कूल आएंगे, फिर भी ज्ञान...
कविता : हिम्मत, अब किसकी हिम्मत है, जो कोई आंख उठाए, सीमा पर आकर, अपने नापाक इरादों...
दिमागी कसरत, मेरे नाम का पहला अक्षर, देना में है पर लेना में नहीं, मेरे नाम का...














