
क्वीलीगढ़ और जौरासी में स्थापित मंदिरों की पूजा-पद्धति तथा ऐतिहासिक अवशेषों के संरक्षण को लेकर सजवाण वंश हितकारिणी संस्था के प्रतिनिधिमंडल ने पुराना दरबार ट्रस्ट के अध्यक्ष से चर्चा की। बैठक में ठा. भगत सजवाण की मूर्ति स्थापना, ऐतिहासिक तथ्यों के संकलन और स्थानीय ग्रामीणों की सहभागिता को आगे बढ़ाने पर सहमति बनी।
- क्वीलीगढ़ मंदिर के संरक्षण को लेकर तेज हुई पहल
- ठा. भगत सजवाण की मूर्ति स्थापना पर हुई समीक्षा
- इतिहास और विरासत को सहेजने के लिए जुटी संस्था
- पूजा-पद्धति और सांस्कृतिक धरोहर संरक्षण पर मंथन
ओ पी उनियाल
देहरादून | क्वीलीगढ़ और जौरासी क्षेत्र में स्थापित मंदिरों की धार्मिक परंपराओं, पूजा-पद्धति और ऐतिहासिक अवशेषों के संरक्षण को लेकर एक महत्वपूर्ण पहल सामने आई है। इसी क्रम में सजवाण वंश हितकारिणी संस्था के प्रतिनिधिमंडल ने संस्था के संस्थापक डॉ. जगमोहन सजवाण के नेतृत्व में पुराना दरबार ट्रस्ट, टिहरी गढ़वाल के अध्यक्ष ठा. भवानी प्रताप सिंह पंवार से उनके राजपुर रोड स्थित आवास पर मुलाकात की। बैठक के दौरान क्वीलीगढ़ और जौरासी में स्थित मंदिरों में पूजा-पद्धति को व्यवस्थित और परंपरानुसार संचालित करने के साथ-साथ वहां मौजूद ऐतिहासिक अवशेषों के संरक्षण एवं संवर्धन को लेकर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
प्रतिनिधिमंडल ने इस बात पर बल दिया कि धार्मिक स्थलों की ऐतिहासिक पहचान और सांस्कृतिक महत्व को भविष्य की पीढ़ियों तक सुरक्षित पहुंचाना आवश्यक है। चर्चा के दौरान विशेष रूप से ठा. भगत सजवाण की मूर्ति स्थापना के विषय को भी प्रमुखता से उठाया गया। इस संबंध में गजा में गत वर्ष आयोजित घंटाकर्ण महोत्सव के दौरान मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा की प्रगति पर चर्चा हुई। साथ ही यह भी विचार किया गया कि इस कार्य को आगे बढ़ाने के लिए कोटा गांव के ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी और सहयोग कैसे सुनिश्चित किया जाए।
डॉ. जगमोहन सजवाण ने बताया कि मंदिरों और संबंधित ऐतिहासिक विरासत से जुड़े तथ्यों को प्रमाणिक रूप से संकलित करने के लिए व्यापक स्तर पर कार्य किया जा रहा है। इसके अंतर्गत इतिहास, लोकगीतों, उपलब्ध अभिलेखों, क्षेत्रीय परंपराओं तथा संबंधित प्रमुख व्यक्तियों से संपर्क कर सूचनाएं एकत्रित की जा रही हैं, ताकि भविष्य में किसी भी संरक्षण कार्य की मजबूत ऐतिहासिक आधारशिला तैयार हो सके। उन्होंने यह भी बताया कि लगभग दो वर्ष पूर्व पट्टी क्वीली के कोट गांव स्थित क्वीलीगढ़ में झंडारोहण, दीप प्रज्वलन, प्रसाद वितरण तथा विधिवत पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया था। इस धार्मिक आयोजन में कुल पुरोहित बिज्लवाण एवं उनियाल समुदाय के प्रतिनिधियों की उपस्थिति रही थी। पूजा कार्यक्रम के साथ भूमि पूजन भी कराया गया था।
इसके अतिरिक्त कोट गांव की तत्कालीन ग्राम प्रधान पूनम गुसाईं के नेतृत्व में गांव की महिलाओं द्वारा सफाई अभियान चलाकर क्षेत्र को व्यवस्थित और धार्मिक गतिविधियों के अनुरूप तैयार किया गया था, जिसे स्थानीय स्तर पर सकारात्मक पहल माना गया। बैठक के अंत में ट्रस्ट अध्यक्ष ठा. भवानी प्रताप सिंह पंवार ने प्रतिनिधिमंडल को संरक्षण और स्थापना संबंधी प्रयासों में यथासंभव सहयोग देने का आश्वासन दिया। उन्होंने स्थापना कार्यक्रम के आयोजन के दिन स्वयं उपस्थित रहने की भी सहमति व्यक्त की।
इस अवसर पर सुन्दर सिंह सजवाण, भूपेंद्र सिंह सजवाण, जगपाल सिंह सजवाण, जसपाल सिंह सजवाण, दिपेश सिंह सजवाण, सुमन सिंह सजवाण तथा राहुल सिंह सजवाण ने संस्था की ओर से पुष्पगुच्छ भेंट कर ट्रस्ट अध्यक्ष का आभार व्यक्त किया।






