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वीकेंड की छुट्टियों के चलते मसूरी में पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी, जिससे शहर के होटलों में 60 से 70 प्रतिशत तक बुकिंग दर्ज की गई। पर्यटन स्थलों और बाजारों में देर रात तक रौनक रही, वहीं बढ़ती भीड़ के कारण कई इलाकों में जाम की समस्या भी सामने आई।
- कैम्पटी फाल से लाल टिब्बा तक पर्यटकों की चहल-पहल
- आईएमए परेड से मसूरी पर्यटन को मिला अतिरिक्त बढ़ावा
- मालरोड और बाजारों में देर रात तक रही रौनक
- पर्यटकों की बढ़ती संख्या से जाम की समस्या हुई गंभीर
मसूरी। शनिवार और रविवार की छुट्टियों का असर मसूरी के पर्यटन पर साफ नजर आया, जब पहाड़ों की रानी में पर्यटकों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। वीकेंड पर बाहर से पहुंचे सैलानियों के कारण शहर के होटलों में 60 से 70 प्रतिशत तक बुकिंग दर्ज की गई। लंबे समय बाद आई इस भीड़ से पर्यटन कारोबारियों के चेहरे खिल उठे हैं, वहीं शहर के प्रमुख पर्यटन स्थलों और बाजारों में चहल-पहल बनी रही। मसूरी के साथ-साथ आसपास के क्षेत्रों धनोल्टी, बुरांशखंडा और कैम्पटी में भी पर्यटकों की संख्या में उल्लेखनीय इजाफा देखा गया।
कैम्पटी फाल, भट्टा फाल, कंपनी गार्डन, चार दुकान, गनहिल, जार्ज एवरेस्ट और लाल टिब्बा जैसे प्रमुख दर्शनीय स्थलों पर दिनभर सैलानियों की आवाजाही लगी रही। पर्यटकों ने पहाड़ों की ठंडी हवा और प्राकृतिक सौंदर्य का जमकर आनंद लिया। शहर के व्यावसायिक इलाकों में भी देर रात तक रौनक बनी रही। मालरोड, लाइब्रेरी बाजार और कुलड़ी बाजार में पर्यटकों की चहलकदमी से दुकानें, रेस्तरां और कैफे गुलजार नजर आए। स्थानीय व्यापारियों के अनुसार वीकेंड पर आई इस भीड़ से कारोबार को अच्छा संबल मिला है।
पर्यटन को बढ़ावा देने में देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी (आईएमए) में आयोजित पासिंग आउट परेड का भी सकारात्मक असर देखने को मिला। परेड में शामिल होने आए सैन्य अधिकारियों के स्वजन बड़ी संख्या में मसूरी पहुंचे, जिससे होटलों और टैक्सी सेवाओं की मांग और बढ़ गई। मसूरी होटल एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय अग्रवाल ने बताया कि शनिवार शाम तक होटलों में 60 से 70 प्रतिशत तक आक्युपेंसी दर्ज की गई, जो आने वाले दिनों के लिए शुभ संकेत है।
हालांकि, पर्यटकों की बढ़ती संख्या के साथ यातायात व्यवस्था पर दबाव भी बढ़ गया। शनिवार को किंक्रेग-लाइब्रेरी मार्ग पर थापर बैंड से गांधी चौक और जीरो प्वाइंट तक लंबे समय तक जाम की स्थिति बनी रही। लाइब्रेरी टैक्सी स्टैंड पर बेतरतीब खड़े वाहनों ने भी जाम की समस्या को और गंभीर बना दिया। मोतीलाल नेहरू मार्ग और लाइब्रेरी बाजार में भी वाहनों की रफ्तार थमी रही। इसके अलावा स्प्रिंग रोड पर नगर पालिका की ओर से चल रहे निर्माण कार्य के कारण स्थानीय लोगों और पर्यटकों दोनों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
प्रशासन और यातायात पुलिस के लिए बढ़ती भीड़ को नियंत्रित करना चुनौतीपूर्ण रहा। इसके बावजूद, पर्यटन कारोबार से जुड़े लोगों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में भी मसूरी में पर्यटकों की आवाजाही बनी रहेगी और इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।






