
लगातार बारिश के बीच बदरीनाथ हाईवे पर हाथी पहाड़ के पास करीब 20 मीटर सड़क ध्वस्त होने और कई स्थानों पर सड़क धंसने से यातायात ठप हो गया है। मारवाड़ी चौकी के आगे क्रशर के पास भारी बोल्डर गिरने से भी आवाजाही प्रभावित हुई है, जिसके चलते बदरीनाथ धाम और हेमकुंड साहिब की तीर्थ यात्रा रोकनी पड़ी है। प्रशासन और संबंधित विभाग हाईवे को सुचारु करने के प्रयास में जुटे हैं, लेकिन बारिश के कारण भूस्खलन और सड़क धंसने का खतरा लगातार बना हुआ है।
- बदरीनाथ हाईवे पर बारिश का कहर, सड़क धंसी और बोल्डर गिरे
- हाथी पहाड़ के पास हाईवे क्षतिग्रस्त, बदरीनाथ-हेमकुंड यात्रा प्रभावित
- भारी बारिश से बदरीनाथ हाईवे पर संकट, 20 मीटर सड़क ध्वस्त
- मारवाड़ी के पास हाईवे पर गिरे बड़े बोल्डर, आवाजाही मुश्किल
चमोली: उत्तराखंड के चमोली जिले में लगातार हो रही बारिश ने बदरीनाथ हाईवे पर आवाजाही की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। बारिश के बीच हाईवे पर जगह-जगह सड़क धंसने, मलबा आने और भारी बोल्डर गिरने की घटनाएं सामने आ रही हैं। इसी क्रम में बदरीनाथ हाईवे पर हाथी पहाड़ के पास करीब 20 मीटर सड़क ध्वस्त हो गई है। सड़क के क्षतिग्रस्त होने से हाईवे पर यातायात पूरी तरह प्रभावित हो गया है और बदरीनाथ धाम के साथ-साथ हेमकुंड साहिब की तीर्थ यात्रा भी रोकनी पड़ी है।
हाथी पहाड़ के पास हाईवे का करीब 20 मीटर हिस्सा ध्वस्त होने से दोनों ओर से वाहनों की आवाजाही प्रभावित हुई है। लगातार बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में जमीन खिसकने और सड़क धंसने का खतरा बना हुआ है। ऐसे में हाईवे पर यात्रा करने वाले लोगों के लिए परेशानी और बढ़ गई है। सड़क क्षतिग्रस्त होने के बाद संबंधित विभाग की ओर से मौके पर व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने और मार्ग को जल्द से जल्द खोलने के प्रयास किए जा रहे हैं।
मारवाड़ी के पास भी गिरे बड़े बोल्डर
बदरीनाथ हाईवे पर केवल हाथी पहाड़ के पास ही समस्या नहीं आई है, बल्कि मारवाड़ी चौकी के आगे क्रशर के पास भी हाईवे पर बड़े-बड़े बोल्डर गिरने की सूचना है। पहाड़ी से बोल्डर गिरने के कारण सड़क पर आवाजाही प्रभावित हुई है। बारिश के दौरान पहाड़ों से लगातार मलबा और पत्थर गिरने की आशंका बनी रहती है, जिससे हाईवे पर सफर करना जोखिम भरा हो गया है। हाईवे के कई हिस्सों में सड़क धंसने की सूचना के बाद प्रशासन और संबंधित विभाग स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। बारिश का सिलसिला जारी रहने के कारण सड़क को खोलने के काम में भी चुनौतियां सामने आ रही हैं। मार्ग पर मलबा और बोल्डर हटाने के साथ-साथ क्षतिग्रस्त हिस्से को दुरुस्त करने की कार्रवाई की जा रही है।
बदरीनाथ और हेमकुंड साहिब यात्रा प्रभावित
हाईवे क्षतिग्रस्त होने का सीधा असर बदरीनाथ धाम और हेमकुंड साहिब जाने वाले तीर्थ यात्रियों पर पड़ा है। मार्ग बाधित होने के कारण दोनों धार्मिक स्थलों की यात्रा रोकनी पड़ी है। तीर्थ यात्रियों और वाहनों को सुरक्षित स्थानों पर रोकने की व्यवस्था की जा रही है, ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना से बचा जा सके। बदरीनाथ धाम और हेमकुंड साहिब की यात्रा के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु इस मार्ग का इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में हाईवे बाधित होने से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। मार्ग खुलने और स्थिति सामान्य होने के बाद ही यात्रा को दोबारा सुचारु किए जाने की संभावना है।
बारिश से बढ़ा भूस्खलन का खतरा
चमोली और आसपास के पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश का दौर जारी है। लगातार बारिश के कारण पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन और सड़क धंसने का खतरा बढ़ गया है। बदरीनाथ हाईवे पर भी कई स्थानों पर सड़क के धंसने और मलबा-बोल्डर आने से यातायात प्रभावित हो रहा है। प्रशासन की ओर से यात्रियों को मौसम और सड़क की स्थिति को देखते हुए सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है। संबंधित विभाग हाईवे की स्थिति का निरीक्षण करते हुए बाधित हिस्सों को खोलने में जुटे हैं। हालांकि, यदि बारिश जारी रहती है तो हाईवे पर आवाजाही सामान्य करने में और समय लग सकता है।
मार्ग सुचारु करने में जुटे विभाग
हाईवे के क्षतिग्रस्त हिस्से को ठीक करने और मार्ग से बोल्डर व मलबा हटाने के लिए प्रशासन तथा संबंधित विभाग की टीमें प्रयास कर रही हैं। प्राथमिकता सड़क को सुरक्षित तरीके से खोलने की है, ताकि बदरीनाथ धाम और हेमकुंड साहिब की यात्रा फिर से शुरू की जा सके। फिलहाल यात्रियों के लिए हाईवे की स्थिति चुनौतीपूर्ण बनी हुई है। लगातार बारिश के बीच प्रशासन की ओर से सड़क की निगरानी की जा रही है। मौसम साफ होने और सड़क की मरम्मत का काम पूरा होने के बाद ही यातायात को पूरी तरह सामान्य किया जा सकेगा।





