
दिल्ली–देहरादून नेशनल हाईवे पर ढाबे के सामने किए गए अवैध पक्के निर्माण को एनएचएआई ने पुलिस की मदद से जेसीबी द्वारा ध्वस्त कराया। यातायात और सुरक्षा को खतरा बन रहे अतिक्रमण को हटाते हुए प्रशासन ने सख्त संदेश दिया कि हाईवे भूमि पर कब्जा बर्दाश्त नहीं होगा।
- एनएचएआई की कार्रवाई: हाईवे सीमा में बना 50 फीट लंबा पक्का निर्माण हटाया
- नोटिस की अनदेखी पड़ी महंगी, पुलिस बल के साथ चला बुलडोजर
- किसान संगठन से जुड़े ढाबा मालिक का दबाव भी नहीं आया काम
- हाईवे पर अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं, भविष्य में भी जारी रहेगी कार्रवाई
देहरादून| दिल्ली–देहरादून नेशनल हाईवे पर अवैध अतिक्रमण के खिलाफ प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए गुरुवार को एक ढाबे के सामने किए गए पक्के अवैध निर्माण को जेसीबी मशीन की सहायता से ध्वस्त करा दिया। यह कार्रवाई पुलिस बल की मौजूदगी में की गई, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति से निपटा जा सके। प्राप्त जानकारी के अनुसार, देहरादून नेशनल एक्सप्रेस-वे पर स्थित एक ढाबे के सामने करीब 50 फीट लंबा पक्का निर्माण कर हाईवे की सीमा में अतिक्रमण किया गया था।
यह अवैध निर्माण न केवल यातायात में बाधा उत्पन्न कर रहा था, बल्कि सड़क सुरक्षा की दृष्टि से भी गंभीर खतरा बना हुआ था। राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने पहले ही ढाबा मालिक को नोटिस जारी कर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए थे, लेकिन इसके बावजूद संबंधित व्यक्ति द्वारा आदेशों की अनदेखी की गई। जब निर्धारित समय सीमा में अवैध निर्माण नहीं हटाया गया, तो एनएचएआई ने थाना पुलिस के सहयोग से कार्रवाई का निर्णय लिया।
गुरुवार सुबह थानाध्यक्ष विनय शर्मा के नेतृत्व में पुलिस बल और पीएसी के जवानों की मौजूदगी में जेसीबी मशीन द्वारा अवैध निर्माण को तोड़ने की कार्रवाई शुरू की गई। कार्रवाई के दौरान स्थिति को नियंत्रित रखने के लिए पुलिस को सख्ती भी दिखानी पड़ी। बताया गया कि ढाबा मालिक एक किसान संगठन से जुड़ा हुआ है और उसने कार्रवाई के दौरान पुलिस व प्रशासन पर दबाव बनाने का प्रयास किया, लेकिन प्रशासन ने किसी भी प्रकार के दबाव में आए बिना नियमानुसार कार्रवाई को अंजाम दिया।
पुलिस की मुस्तैदी के चलते अतिक्रमण को पूरी तरह हटवा दिया गया। एनएचएआई अधिकारियों ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि नेशनल हाईवे की भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध निर्माण या अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। भविष्य में भी इस तरह के अतिक्रमणों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा। वहीं, पुलिस प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे हाईवे की भूमि पर कब्जा न करें और नियमों का पालन करें, ताकि यातायात व्यवस्था सुरक्षित और सुचारु बनी रहे।





