
चमोली के सवाड़ गांव में संचालित होने वाले केंद्रीय विद्यालय को लेकर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में वर्चुअल समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में अस्थायी भवन में आवश्यक मूलभूत सुविधाओं, सुरक्षा और रखरखाव से जुड़े कार्यों पर चर्चा हुई। जिलाधिकारी ने इस सत्र से विद्यालय संचालन सुनिश्चित करने के लिए सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।
- इस सत्र से शुरू होगा सवाड़ गांव का केंद्रीय विद्यालय
- फायर सेफ्टी से लेकर बाउंड्री वॉल तक सुविधाओं पर फोकस
- जिला योजना में केंद्रीय विद्यालय के लिए प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश
- जिला प्रशासन ने केवी संगठन को हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया
चमोली। सवाड़ गांव में प्रस्तावित केंद्रीय विद्यालय के शीघ्र संचालन को लेकर जिलाधिकारी गौरव कुमार की अध्यक्षता में वर्चुअल माध्यम से एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक का उद्देश्य विद्यालय के अस्थायी भवन में उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं की स्थिति का आकलन करना और आगामी शैक्षणिक सत्र से विद्यालय प्रारंभ करने के लिए आवश्यक व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करना रहा। जिलाधिकारी ने बैठक के दौरान विद्यालय के सुचारु संचालन से जुड़े प्रत्येक पहलू पर अधिकारियों से विस्तृत जानकारी ली और आपसी समन्वय के साथ कार्य करने के स्पष्ट निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि स्थायी भवन के निर्माण तक अस्थायी भवन में सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है, ताकि विद्यार्थियों को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े। जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को अस्थायी भवन में फायर सेफ्टी की व्यवस्था, मरम्मत एवं नियमित रखरखाव, बाउंड्री वॉल निर्माण और फेंसिंग जैसे कार्यों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही शिक्षा विभाग को आगामी जिला योजना में केंद्रीय विद्यालय से संबंधित आवश्यक प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश भी दिए गए, ताकि भविष्य में स्थायी समाधान सुनिश्चित किया जा सके।
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ग्रामीण निर्माण विभाग को निर्देशित किया गया कि आवश्यक निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूरा किया जाए, जिससे इसी शैक्षणिक सत्र से विद्यालय में बच्चों का प्रवेश शुरू किया जा सके और उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध हो सके। बैठक में केंद्रीय विद्यालय संगठन के प्रतिनिधियों ने विद्यालय में बिजली फिटिंग, पेयजल कनेक्शन, शौचालयों की व्यवस्था, खेल मैदान सहित अन्य आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता के लिए जिला प्रशासन से सहयोग का अनुरोध किया।
इस पर जिलाधिकारी ने पूर्ण सहयोग का आश्वासन देते हुए कहा कि केंद्रीय विद्यालय को इसी सत्र से प्रारंभ करने के लिए सभी आवश्यक कार्यवाही समयबद्ध ढंग से सुनिश्चित की जाएगी। प्रशासन का यह प्रयास सुदूर ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को बेहतर और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।





