
ऊधम सिंह नगर के किच्छा में विधायक तिलक राज बेहड़ के कथित बयान को लेकर कोली समाज दो गुटों में बंट गया है। एक पक्ष ने अपमान का आरोप लगाते हुए डीडी चौक पर पुतला दहन कर माफी की मांग की, जबकि दूसरे गुट ने इसे समाज को बदनाम करने की साजिश बताया। मामले ने राजनीतिक रंग ले लिया है और विधायक ने भी प्रेस के जरिए पलटवार किया है।
- मुकेश कोली के नेतृत्व में डीडी चौक पर प्रदर्शन
- एक गुट ने मांगी माफी, दूसरे ने बताया साजिश
- आवास विकास कॉलोनी की बैठक में बेहड़ के समर्थन में प्रस्ताव
- बेहड़ बोले—जनता देगी जवाब, 20 हजार से ज्यादा होगी हार
किच्छा | उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर जिले के किच्छा क्षेत्र में विधायक तिलक राज बेहड़ के कथित बयान को लेकर कोली समाज में तीखा विवाद उभर आया है। बयान के बाद समाज दो गुटों में बंट गया है। एक गुट ने विधायक पर समाज के अपमान का आरोप लगाते हुए डीडी चौक पर उनका पुतला दहन किया, जबकि दूसरा गुट उनके समर्थन में उतर आया और इसे राजनीतिक साजिश करार दिया। अखिल भारतीय कोली समाज के प्रदेश महामंत्री मुकेश कोली के नेतृत्व में बड़ी संख्या में समाज के लोग रविवार सुबह डीडी चौक पहुंचे।
प्रदर्शनकारियों ने विधायक के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतला फूंका और सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान समाज के कई पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे। मुकेश कोली ने आरोप लगाया कि विधायक ने कोली समाज को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि यदि समाज के सम्मान को ठेस पहुंचाई गई है तो विधायक को खुलकर माफी मांगनी चाहिए, अन्यथा व्यापक आंदोलन किया जाएगा। प्रदर्शनकारियों ने यह भी कहा कि समाज को टारगेट करने और बदनाम करने की कोशिश की जा रही है।
हालांकि, इस घटनाक्रम के बाद समाज का दूसरा गुट भी सामने आया। आवास विकास कॉलोनी में आयोजित बैठक में बड़ी संख्या में कोली समाज के लोगों ने पुतला दहन की घटना की निंदा की और विधायक बेहड़ के समर्थन में प्रस्ताव पारित किया। पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य सोमपाल कोली सहित कई वक्ताओं ने कहा कि तिलक राज बेहड़ लंबे समय से सक्रिय राजनीति में रहकर समाज के उत्थान के लिए कार्य करते रहे हैं। समर्थक गुट ने आरोप लगाया कि कुछ राजनीतिक तत्वों ने समाज को बदनाम करने और माहौल बिगाड़ने के उद्देश्य से यह विवाद खड़ा किया है।
उनका कहना था कि कोली समाज एकजुट है और किसी भी तरह की गलतफहमी को राजनीतिक रंग नहीं दिया जाना चाहिए। विवाद के बीच विधायक तिलक राज बेहड़ ने भी प्रेस के माध्यम से प्रतिक्रिया दी। उन्होंने पूर्व विधायक राजेश शुक्ला को संबोधित करते हुए कहा कि जितने चाहे पुतले फुंकवा लें और जितनी आलोचना करनी हो कर लें, लेकिन अंतिम फैसला जनता करेगी। उन्होंने दावा किया कि जनता का समर्थन उनके साथ है और चुनावी मैदान में इसका जवाब मिलेगा।
इस पूरे घटनाक्रम ने किच्छा की राजनीति को गरमा दिया है। सामाजिक सम्मान, राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता और स्थानीय नेतृत्व की खींचतान के बीच यह मामला आने वाले समय में और तूल पकड़ सकता है।





