
नए साल की शुरुआत के साथ ही भाजपा ने उत्तराखंड में अपने सभी सात मोर्चों की प्रदेश कार्यकारिणी घोषित कर दी है। संगठन इसे आगामी विधानसभा चुनावों की रणनीति से जोड़कर अहम विस्तार मान रहा है।
- युवा, महिला, किसान समेत सभी मोर्चों की टीमों का ऐलान
- दो महीने बाद पूरा हुआ भाजपा मोर्चा संगठन विस्तार
- आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर संगठन ने कसी कमर
- प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट की सहमति से घोषित हुई टीमें
देहरादून। नववर्ष 2026 के पहले ही दिन भारतीय जनता पार्टी ने संगठनात्मक मजबूती की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए सभी सात मोर्चों की प्रदेश टीमों की घोषणा कर दी है। प्रदेश भर से पदाधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है, जिससे पार्टी के सांगठनिक ढांचे को और अधिक सक्रिय एवं प्रभावी बनाया जा सके। भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र भट्ट की सहमति के बाद विभिन्न मोर्चों के प्रदेश अध्यक्षों ने अपनी-अपनी टीमों का ऐलान किया।
सबसे पहले भारतीय जनता युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष विपुल मैंदोली ने अपनी प्रदेश कार्यकारिणी घोषित की। इसके साथ ही अन्य मोर्चों की टीमें भी सार्वजनिक कर दी गईं। घोषित मोर्चा अध्यक्षों में भाजपा महिला मोर्चा – रुचि चौहान भट्ट, किसान मोर्चा – महेंद्र सिंह नेगी, अन्य पिछड़ा वर्ग मोर्चा – नेत्रपाल मौर्या, अनुसूचित जाति मोर्चा – बलवीर घुनियाल, अनुसूचित जनजाति मोर्चा – डॉ. प्रेम सिंह राणा, अल्पसंख्यक मोर्चा – अनीस गौड़ शामिल हैं, जिन्होंने अपनी-अपनी प्रदेश टीमों की घोषणा की।
Government Advertisement...
गौरतलब है कि भाजपा ने लगभग दो महीने पहले सभी सात मोर्चों के प्रदेश अध्यक्षों की नियुक्ति कर दी थी, लेकिन कार्यकारिणी विस्तार को लेकर लंबे समय से इंतजार किया जा रहा था। अब टीमों की घोषणा के साथ ही संगठनात्मक ढांचा पूरी तरह सक्रिय हो गया है। पार्टी संगठन इसे आगामी विधानसभा चुनावों की तैयारी के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण मान रहा है। मोर्चों के माध्यम से युवा, महिला, किसान, पिछड़ा वर्ग, अनुसूचित जाति-जनजाति और अल्पसंख्यक वर्ग तक सीधा संवाद स्थापित करने की रणनीति पर काम किया जाएगा।
कयलू महाराज मंदिर में चुराच से शुरू होगा जौनसार बावर का लोक उत्सव
भाजपा के संगठन महामंत्री अजय कुमार ने सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को शुभकामनाएं देते हुए अपेक्षा जताई कि वे संगठन की नीतियों और कार्यक्रमों को जमीनी स्तर तक प्रभावी ढंग से पहुंचाएंगे। पार्टी का मानना है कि यह संगठन विस्तार न केवल कार्यकर्ताओं में ऊर्जा भरेगा, बल्कि सरकार की उपलब्धियों को जन-जन तक पहुंचाने में भी निर्णायक भूमिका निभाएगा।





